Begusarai News : बेगूसराय के एक युवक ने थाना परिसर में आचरण प्रमाण पत्र (Character Certificate) (Verification) के नाम पर रिश्वत मांगने, गाली-गलौज करने तथा मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाते हुए थानाध्यक्ष को लिखित आवेदन सौंपा है। मामले की जांच और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की है।
प्राप्त आवेदन के अनुसार, मंझौल थाना क्षेत्र के सिउरी पंचायत निवासी शशि कांत गुप्ता ने जन वितरण प्रणाली (PDS) से संबंधित कार्य के लिए आचरण प्रमाण पत्र (Character Certificate) बनवाने हेतु ऑनलाइन आवेदन किया था। आवेदन के सत्यापन के लिए उन्हें 4 जून 2026 को मंझौल थाना से फोन कर बुलाया गया।
आवेदन में आरोप लगाया गया है कि थाना पहुंचने पर पहले उनसे मुखिया के लेटर पैड पर पहचान संबंधी पत्र लाने को कहा गया। इसके बाद थाना परिसर में मौजूद पुलिसकर्मियों द्वारा उनसे आचरण प्रमाण सत्यापन के लिए कथित रूप से 500 रुपये रिश्वत की मांग की गई।
पीड़ित का कहना है कि उन्होंने पहले 100 रुपये और बाद में 200 रुपये देने की बात कही, लेकिन संबंधित पुलिसकर्मी 500 रुपये पर अड़े रहे। जब उन्होंने पैसे देने से इनकार किया तो कथित रूप से उन्हें अपशब्द कहे गए और सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया।
आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि विरोध करने पर एक पुरुष पुलिसकर्मी द्वारा उनके साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की गई। पीड़ित ने दावा किया है कि घटना के समय थाना परिसर में अन्य लोग भी मौजूद थे, जो पूरे घटनाक्रम के गवाह हैं।
शशि कांत गुप्ता ने अपने आवेदन में थाना परिसर में लगे CCTV कैमरों की फुटेज की जांच कराने की मांग की है। साथ ही उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों एवं अधिकारियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने की अपील की है। पीड़ित ने आवेदन में एक स्थानीय व्यक्ति को गवाह के रूप में भी उल्लेखित किया है। फिलहाल, इस मामले में मंझौल थाना पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
(नोट: यह समाचार आवेदक द्वारा दिए गए लिखित आवेदन में लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।)


