Begusarai News : बेगूसराय में सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) के स्थानीयकरण के तहत ‘स्वस्थ ग्राम’ थीम को लेकर एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला जिला पंचायत संसाधन केंद्र, ककौल में आयोजित हुई, जिसमें चेरिया बरियारपुर, छोराही, डंडारी, गढ़पुरा एवं खोदावनपुर प्रखंडों के निर्वाचित मुखिया, पंचायत सचिव एवं कार्यपालक सहायकों ने भाग लिया।
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य पंचायतों को स्वास्थ्य से जुड़े प्रमुख मानकों पर केंद्रित करते हुए उन्हें ‘स्वस्थ पंचायत’ के रूप में विकसित करना था। प्रशिक्षण सत्र के दौरान विशेषज्ञ प्रशिक्षकों ने कहा कि कोई भी पंचायत तभी सामाजिक और आर्थिक रूप से सशक्त बन सकती है, जब वहां के नागरिक स्वस्थ हों। इस दिशा में सभी पंचायतों को ‘स्वस्थ ग्राम’ थीम को प्राथमिकता देने और स्वास्थ्य संकेतकों में सुधार के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने के लिए प्रेरित किया गया।
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को मजबूत बनाने के लिए शत-प्रतिशत संस्थागत प्रसव सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही प्रत्येक पंचायत में कम से कम एक मॉडल ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस (VHSND) आयोजित करने पर सहमति बनी। मुखिया को अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों में संचालित आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के नियमित अनुश्रवण की जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया गया।
कार्यक्रम में स्वच्छता को बढ़ावा देकर फाइलेरिया उन्मूलन और कुपोषण से मुक्ति के लिए सामुदायिक स्तर पर प्रयास तेज करने के निर्देश दिए गए। आगामी 10 फरवरी से शुरू होने वाले ‘सर्वजन दवा सेवन अभियान’ (MDA) को लेकर भी विस्तृत जानकारी साझा की गई। जनप्रतिनिधियों से अपील की गई कि वे इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं और अधिक से अधिक लोगों को दवा सेवन के लिए प्रेरित करें, ताकि फाइलेरिया का समूल नाश किया जा सके।
कार्यशाला के समापन पर सभी मुखिया एवं पंचायत कर्मियों ने सामूहिक रूप से ‘स्वस्थ ग्राम संकल्प शपथ’ ली। उन्होंने अपनी-अपनी पंचायतों को टीकाकरण, संस्थागत प्रसव, शुद्ध पेयजल, स्वच्छता तथा कुपोषण एवं फाइलेरिया मुक्त बनाने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया। इस अवसर पर जिला स्तरीय स्वास्थ्य अधिकारी सहित संबंधित प्रखंडों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।

