Begusarai News : बेगूसराय कलेक्ट्रेट के पास नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे चयनित होमगार्ड अभ्यर्थियों के आंदोलन को जिला प्रशासन ने मंगलवार की आधी रात बलपूर्वक खत्म करा दिया। अभ्यर्थियों का आरोप है कि पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने उनके साथ मारपीट की, गंदी गालियां दीं और जबरन बसों में भरकर ले गए। इस अफरातफरी में एक दर्जन से अधिक अभ्यर्थी घायल बताए जा रहे हैं।
आधी रात का ऑपरेशन
पीड़ित अभ्यर्थियों ने बताया कि रविवार से वे शांतिपूर्ण तरीके से अनशन पर थे। मंगलवार रात करीब 12 बजे डीएम और एसपी के नेतृत्व में भारी पुलिस बल दो बसें लेकर पहुंचा। अभ्यर्थियों का आरोप है कि उन्हें उठाकर हर्ल खाद कारखाना टाउनशिप ग्राउंड ले जाया गया, जहाँ उनके साथ बर्बरता की गई।
महिला अभ्यर्थियों ने एसडीएम पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा, महिला पुलिस की मौजूदगी के बावजूद एसडीएम ने लड़कियों का कॉलर पकड़ा और खुद डंडा चलाने लगे। अभ्यर्थियों का दावा है कि विरोध करने पर लाठियां चटकाने के साथ-साथ हवाई फायरिंग भी की गई और कई लड़कों के मोबाइल छीन लिए गए। हालांकि, पुलिस प्रशासन लाठीचार्ज के दावों से इनकार कर रहा है।
हम चोर-डकैत नहीं
अभ्यर्थियों का कहना है कि 419 पदों के लिए शारीरिक दक्षता, मेडिकल और डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन की प्रक्रिया महीनों पहले पूरी हो चुकी है। वर्दी खरीद ली गई और फाइलों पर हस्ताक्षर भी हो गए, लेकिन नियुक्ति पत्र नहीं दिया जा रहा। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे बेगूसराय के पूर्व मेयर प्रत्याशी अंकित कुमार और प्रभाकर कुमार को पुलिस ने हिरासत में लिया है। आक्रोशित युवाओं का कहना है कि वे पीछे नहीं हटेंगे और अपने हक के लिए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे।
15 मार्च से फिर होगी परीक्षा
इस पूरे विवाद के बीच मंगलवार को ही बिहार गृह रक्षा वाहिनी मुख्यालय, पटना से एक आधिकारिक पत्र (ज्ञापांक-1390) जारी किया गया है। विभाग ने बेगूसराय में विज्ञापन संख्या-01/2025 के तहत नामांकन के लिए जिला स्तर पर नई चयन समिति गठित करने का आदेश दिया गया है। शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) और चिकित्सकीय जाँच की प्रक्रिया 15 मार्च 2026 से नए सिरे से शुरू की जाएगी। मुख्यालय ने डीएम और एसपी को इस संबंध में शीघ्र यथोचित कार्रवाई करने को कहा है ।
सांसद ने जताई थी अनहोनी की आशंका
इससे पहले सोमवार को सांसद पप्पू यादव ने अभ्यर्थियों से मिलकर उनके आंदोलन को जायज बताया था और सरकार पर निशाना साधा था। उन्होंने चेतावनी दी थी कि अगर बच्चों के साथ कुछ भी गलत हुआ तो वह बर्दाश्त नहीं करेंगे। अब पुलिसिया कार्रवाई के बाद जिले में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है।


