Barauni Dairy Scam : बरौनी डेयरी में कथित 100 करोड़ रुपये के घोटाले को लेकर किसानों का आक्रोश सामने आया है। मामले की विशेष जांच प्रवर्तन निदेशालय (ED) या विजिलेंस आयोग से कराने की मांग को लेकर सोमवार से किसानों ने कलेक्ट्रेट के सामने अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है।
बिहार राज्य दुग्ध उत्पादक संघ के अध्यक्ष अशोक प्रसाद सिंह ने बरौनी डेयरी में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता का आरोप लगाते हुए कहा कि पूरे मामले की स्पेशल ऑडिट ईडी या विजिलेंस आयोग से कराई जानी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो बरौनी डेयरी के बंद होने की आशंका है, जिससे बेगूसराय, खगड़िया, लखीसराय और पटना जिले के लगभग 50 लाख किसानों की आजीविका संकट में पड़ जाएगी।
अशोक प्रसाद सिंह ने कहा कि बेगूसराय जिले का प्रतिनिधित्व एक केंद्रीय मंत्री और दो राज्य मंत्री कर रहे हैं। ऐसे में जनप्रतिनिधियों को इस गंभीर मामले में हस्तक्षेप कर उचित पहल करनी चाहिए।
उन्होंने दावा किया कि पिछले 20 महीनों के दौरान डेयरी में करोड़ों रुपये की हेराफेरी हुई है, जो आर्थिक अपराध की श्रेणी में आता है। इस संबंध में शिकायत के बाद सरकार द्वारा छह बार जांच कराई गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
इस बीच, डेयरी बोर्ड के सदस्य दीपक कुमार ने अध्यक्ष पर पद के दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने बिना टेंडर नियुक्तियां करने, वाहन मद में अनियमित खर्च करने और बिना बोर्ड की स्वीकृति के लगभग 100 करोड़ रुपये का कर्ज लेने का आरोप लगाया है।

