बैंक खाते में नहीं आ रही LPG Subsidy तो कहां शिकायत करें? ये रहा प्रॉसेस, तुरंत होगी सुनवाई

LPG Subsidy

न्यूज डेस्क : LPG उपभोक्ताओं को रसोई गैस की खरीदारी पर सरकार द्वारा सब्सिडी तो काफी पहले से दी जा रही है। कुछ साल पहले तक सब्सिडी का पैसा गैस खरीदने के वक्त उपभोक्ता को माफ हो जाता था । परंतु अब उपभोक्ता को गैस सिलेंडर खरीदते वक्त पूरे पैसे देने पड़ते हैं। वहीं सरकार द्वारा दी जाने वाली सब्सिडी के पैसे उपभोक्ता के बैंक एकाउंट में ट्रांसफर कर दिए जाते हैं। पर कभी कभी कुछ परिस्थितियों में ऐसा होता है कि सब्सिडी के पैसे बैंक खाता में मिलने बन्द हो जाते हैं। अगर कभी ऐसा किसी के साथ हो रहा है तो परेशान होकर ऑफिस के चक्कर लगाने के बजाए साधारण उपाय कर के परेशानी से निजात पाया जा सकता है।

सब्सिडी रुकने की वजह कैसे पता करें : किसी भी उपभोक्ता की सब्सिडी आनी अगर बन्द हो गई है । तो , इसकी वजह पता लगाने के लिए सबसे पहले उपभोक्ता को इंडने की वेबसाइट mylpg.in पर जाके उसके होमपेज पर जाकर किसी LPG सिलिंडर के फ़ोटो पर क्लिक करना होगा , इसके बाद जो विण्डो ओपन होगा उसमें गिव योर फीडबैक ऑनलाइन ऑप्शन पर जाने से एक नया विंडो फिर से ओपन होगा। उस पर सब्सिडी रिलेटेड पर क्लिक कर के स्क्रॉल करने पर सब कैटेगरी में आए ऑप्शन में से सब्सिडी नॉट रेसिवड पर क्लिक करने पर सब्सिडी स्टेटस चेक करने के 2 ऑप्शन आएंगे। इसमें या तो रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या LPG आई डी डालना होगा फिर वेरीफाई करके सबमिट करने पर उपभोक्ता के सामने सब्सिडी की सारी जानकारी पता चल जाएगी।

अक्सर आधार या बैंक एकाउंट लिंक न होना होती है सब्सिडी न मिल पाने की वजह : कई बार आधार कार्ड का लिंक नहीं होना सब्सिडी नहीं मिल पाने की वजह होती है इसके लिए आधार कार्ड को बैंक एकाउंट से लिंक कराना होगा और उसके बाद उपभोक्ता को LPG कनेक्शन को आधार कार्ड से लिंक कराना जरूरी होता है। हालांकि सब्सिडी के लिए सबसे पहले ज़रूरी है कि उपभोक्ता अपनी LPG आई डी को बैंक एकाउंट से भी लिंक करवा लें ताकि आसानी से सब्सिडी के पैसे एकाउंट में आ जाए।

टोल फ्री नंबर पर भी शिकायत की जा सकती है : किसी LPG उपभोक्ता को अगर सिलिंडर लेने के बाद उपरोक्त कोई समस्या जैसे आधार या बैंक एकाउंट का लिंक न होना जैसी कोई समस्या नहीं होने पर भी सब्सिडी पैसे मिलने में परेशानी हो तो वो टोल फ्री नंबर 1800233555 पर कॉल करके अपनी शिकायत दर्ज करवा सकते हैं।

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