जानिए उस शख्स के बारे में जिसने 27 साल की उम्र में भारत को दिए 7000 करोड़ रूपए – करता है ये काम

crypto currency owner

डेस्क : भरत इस वक्त बहुत बड़े कोरोना संकट से गुजर रहा है। अर्थशास्त्रियों का कहना है कि भारत को कम से कम 3 से 6 महीने लगेंगे उभरने में। बता दें कि संकट के दौर में अनेकों देशों ने भारत की मदद की है। ऐसे में रूस के 27 साल के लड़के ने भी भारत के आगे आकर मदद की है। इस वक्त वक्त क्रिप्टोकरंसी का चलन चल रहा है जिसको ब्लॉकचैन टेक्नोलॉजी की सहायता से इस्तेमाल किया जाता है।

बता दें की 27 साल के लड़के का नाम है वितालिक बुटेरिन। इस लड़के ने भारत को सहायता के लिए कोविड-19 रिलीफ फंड में क्रिप्टो करेंसी के तहत दान दिया है। इस वक्त क्रिप्टोकरंसी की कीमत काफी ज्यादा है, ऐसे में यह एक बिलियन डॉलर के बराबर है, जिसकी कीमत 7358 करोड़ रुपए है। यह मदद डॉग थीम्स टोकन के तहत की गई है। बता दें की डोगथीम्ड एक नई करंसी है जो क्रिप्टोकरंसी ही कह लाई जाती है। फिलहाल इसकी कीमत 7000 करोड रुपए है। बता दे की क्रिप्टोकरंसी को बनाने वाले भी वितालिक बुटेरिन ही है।

वितालिक बुटेरिन ने इस करंसी को 2015 में बनाया था, यह बिटकॉइन को टक्कर दे रहा है। दिन प्रतिदिन इस करेंसी का रेट बढ़ता जा रहा है और लोगों को यह करंसी काफी पसंद आ रही है, बता दें कि वितालिक ने अपनी पढ़ाई कैनेडा से पूरी की है और वह प्रोग्रामर रह चुके हैं। बिटकॉइन की मैगजीन भी उनके द्वारा 2011 में शुरू की गई थी। इस वक्त वह काफी ज्यादा मशहूर हो रखे हैं। बता दें कि उन्होंने 2017 में मशीन इंटेलिजेंस रिसर्च इंस्टीट्यूट को 7841 करोड़ डॉलर दिया था।

समय-समय पर वह अलग-अलग संस्थानों में दान करते रहते हैं।ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज ब्रेट ली ने भारत को क्रिप्टोकरंसी के तहत दान दिया था, जिसमें उन्होंने 45 लाखों रुपए की मदद की थी। भारत की मदद के लिए सोशल मीडिया वेबसाइट ट्विटर भी आगे आई है। ट्विटर द्वारा भारत को डेढ़ करोड़ डॉलर दान दिया है। इस राशि को 2 संगठन एड इडिया और सेवा इंटरनेशनल यूएसए को पहुंचा दिया गया है। यह सभी संगठन गैर सरकारी है।

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