पोस्ट ऑफिस मंथली इनकम स्कीम: केवल 1,000 रुपए मंथली जमा करके हर महीने उठाएं 4,950 रुपए, जानिए कैसे

Post office

न्यूज डेस्क : हर आम इंसान मौजूदा समय में कुछ पैसे बचत करके भविष्य के लिए कुछ मोटी रकम जमा करता है ताकि कोई परेशानी ना हो। लेकिन, सबसे बड़ी बात यह होती है कि आखिर किस जगह पैसे को निवेश किया जाए। जहां अच्छी सुरक्षा के साथ-साथ बेहतर रकम भी मिल सके। बाजार में ऐसे कई प्रोडक्ट मौजूद है। जहां लोग अपने पैसे को इन्वेस्ट कर सकते हैं। लेकिन बेहतर सुरक्षा नहीं मिल पाती है। वहीं पोस्ट ऑफिस अपने ग्राहकों का सुरक्षा के साथ-साथ बेहतर स्कीम भी लॉन्च करती रहती है। इसी बीच पोस्ट ऑफिस ने एक ऐसी स्कीम्स चलाई है, जिसमें आप छोटी सी रकम हर महीने जमा करके आने वाले समय को सुरक्षित कर हर महीने 4950 रुपए पा सकते है। आइए जानते हैं कौन सी है ये स्कीम और कैसे मिलता है इसका फायदा

जानिए, स्कीम से जुड़ी कुछ खास बातें : हम जिस स्कीम की बात कर रहे हैं, उसका नाम है पोस्ट ऑफिस मंथली इनकम स्कीम, यह एक मंथली इनकम स्कीम है। इस स्कीम के जरिए आप अपने पैसे पूरी गारंटी के साथ वापस पा सकते हैं वो भी ब्याज के साथ, इस स्कीम में 6.6 फीसदी का सालाना ब्याज मिलता है। अगर किसी निवेशक ने इसमें संयुक्त खाते के जरिए 9 लाख रुपए का निवेश किया है तो सालाना उसका ब्याज 6.6 फीसदी की दर से 59,400 रुपए होता है। इस लिहाज से आपके ब्याज की मंथली रकम 4,950 रुपए होती है जिसे आप हर महीने ले सकते है।ये केवल ब्याज की राशि है आपका मूलधन वैसे का वैसा ही रहेगा।

इस स्कीम का लाभ कैसे लें : बता दें की “पोस्ट ऑफिस मंथली” इनकम स्कीम के तहत मात्र 1000 रुपए से खाता खोला जा सकता है। व्यक्ति की उम्र 18 साल से ज्यादा होना चाहिए। एक व्यक्ति एक साथ अधिकतम 3 अकाउंट होल्डर के साथ खाता खुलवा सकता है। इस स्कीम में 10 साल से उपर के बच्चे के नाम पर भी खुल सकता है, 10 साल से कम उम्र के बच्चे के लिए गार्डियन अपने नाम पर खुलवा सकते हैं खाता

जानिए, स्कीम से जुड़े कुछ शर्तें : बता दें कि इस स्कीम में खाता खुलवाने की एक शर्त ये है। कि आप 1 साल से पहले अपनी जमा राशि निकाल नहीं सकते। वहीं अगर अपनी समय पूरी होने से पहले यानि 3 से 5 साल के बीच में निकालते हैं तो आपके मूलधन में से 1 फीसदी की राशि काटकर आपको मिलेगी। वहीं समय पूरी होने पर यानि 5 साल पर आप अपनी राशि निकालते हैं तो आपको स्कीम के सारे फायदे मिलेंगे।

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