May 17, 2022

अब नही बढ़ेंगे सरसों तेल के भाव, सरकार ने उठाया ये बड़ा कदम, जानिए – कितना सस्ता होगा तेल..

sarso oil

डेस्क : देश में लगातार बढ़ रही महंगाई के बीच आम लोगों के लिए एक मौज वाले खबरें सामने आई है। आपको बता दें कि सरकार ने खाने के तेल की कीमतों पर अंकुश लगाने के कई उपाय किए हैं। इसी कड़ी में सरकार ने एक निगरानी अभियान (Surprise Inspections) शुरू किया है।

इसका मकसद खाद्य तेलों की बढ़ती कीमतों को रोकने और उनकी उपलब्धता बढ़ाने के लिए तेल-तिलहनों की जमाखोरी एवं कालाबाजारी रोकना है। बता दे की देश खाद्य तेलों की अपनी 60 फीसदी जरूरतें पूरी करने के लिए आयात करता है। रूस-यूक्रेन युद्ध के कारण विश्व स्तर पर उपजी राजनीतिक अस्थिरता के कारण पिछले कुछ महीनों में विभिन्न खाद्य तेलों के खुदरा दाम तेजी से बढ़े हैं।

सरकार के विभिन्न उपायों के बावजूद कीमतों में लगातार तेजी देखी गई है। वही, खाद्य सचिव सुधांशु पांडेय का कहना है कि दाम थामने के लिए सरकार ने कई उपाय किए हैं। हमने खाद्य तेलों और तिलहनों की जमाखोरी और कालाबाजारी को रोकने के लिए 1 अप्रैल से निरीक्षण अभियान शुरू किया है। इसके तहत राज्य सरकार के अधिकारियों के साथ एक केंद्रीय टीम विभिन्न तिलहन और खाद्य तेल उत्पादक राज्यों में निरीक्षण कर रही है।

आगे उन्होंने कहा यूपी , मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र जैसे राज्यों में निरीक्षण चल रहा है। आने वाले दिनों में निगरानी अभियान को और तेज करेंगे। मालूम हो की 1 जनवरी 2022 के 161.71 रुपये प्रति किलोग्राम के मुकाबले 4 अप्रैल को सूरजमुखी तेल की औसत खुदरा कीमत 184.58 रुपये प्रति किलोग्राम है। सोयाबीन तेल 148.59 रुपये से बढ़कर 162.13 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है। पाम तेल 128.28 रुपये प्रति किलोग्राम से बढ़कर 151.59 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है।