बिहार : मधुबनी पेंटिंग से सजी Car, नए लुक के लोग हो रहे कायल, देखें – पहली झलक…

Madhubani painting Car

डेस्क : अब घर को सजाने के अलावा ट्रेन के बाद कारों को भी मधुबनी पेंटिंग से सुसज्जित किया जा रहा है। बता दें मधुबनी पेंटिंग किसी परिचय की मोहताज नहीं है। इस पेंटिंग को मिथिला पेंटिंग भी कहा जाता है। इसे चित्रकला की दुनिया में एक उच्चतम स्थान प्राप्त है। देश-विदेश में लोग अपने घरों में लगाना पसंद करते हैं। इसकी शुरुआत कई दशक पहले मिथिलांचल में एक आपदा से जूझ रहे लोगों को रोजगार देने की दृष्टिकोण और बाढ़ जैसी आपदा में उजड़ चुकी बस्तियों को सजाने के लिए की गई थी।

दरअसल 1964 – 65 में बिहार के मिथिलांचल क्षेत्र में बाढ़ ने काफी उत्पात मचाया था, जिसके बाद घर की दीवारें गिर गई थी। पूरा गांव छिन्न-भिन्न हो गया था, जिसके बाद तत्कालीन प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ने मिथिला पेंटिंग को व्यवसाईकरण से जोड़ने और मिथिलांचल के बाढ़ पीड़ित वस्ती को सजाने के लिए एक पहल की शुरुआत की। इसके तहत गांव देहात के सभी दीवारों पर ग्रामीण महिला द्वारा मिथिला पेंटिंग बनाया गया। मिथिला पेंटिंग की खूबसूरती को देश-विदेश में ख्याति प्राप्त है।

दरअसल मधुबनी पेंटिंग का विस्तार काफी तेज गति से हो रहा है। घर के दीवारों को सजाने वाली मिथिला पेंटिंग कई रूप में लोगों को अपनी सुंदरता के जरिए मोहित कर रही है। मधुबनी पेंटिंग सरकार की पहल और लोगों की पसंद की वजह से मिथिलांचल के कई सार्वजनिक स्थलों पर बनाया गया है। इसमें रेलवे स्टेशन से लेकर कई ट्रेने भी शामिल है। वहीं अब कार पर भी मधुबनी पेंटिंग बनने लगी है।

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कार पर मधुबनी पेंटिंग बनाने का आईडिया खुशी कुमारी नाम की एक युवती की है। खुशबू और उनकी टीम कड़ी मेहनत से एक पुरानी कार को मधुबनी पेंटिंग के जरिए नई नवेली दुल्हन की तरह सजा दिया है। इससे कार की खूबसूरती बढ़ रही है। यह प्रयोग एक सफल प्रयोग है। इससे पता चलता है कि लोगों को कला के प्रति कितना झुका हुआ है। खुशबू कुमारी की पूरी टीम को लोग काफी सराहना दे रहे हैं। देश में कला जीवित रहेगा तो संस्कृति बची रहेगी।