बिहार में बनेगा वर्ल्ड लेवल का क्रिकेट स्टेडियम, खेले जायेंगे आईपीएल और इंटरनेशनल मैच – कला संस्कृति की अनोखी झलक

डेस्क : इंसान की जिंदगी में खेलों का बहुत महत्व रहा है आज ही नहीं बल्कि पाषाण काल से ही मनुष्य गतिविधि करने के दम पर अपने शरीर और मस्तिष्क को ताकतवर बना चुका है इस पर काफी समय से शोध भी किया गया और आज के समय में अनिवार्य रूप से यह स्वीकारा गया है कि मनुष्य जीवन के लिए खेलकूद बेहद अहम है।

खेलकूद की जरूरत को समझते हुए बिहार के राजगीर में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण हो रहा है इस स्टेडियम में अनेकों प्रकार के खेल अभ्यास होंगे जिसमें ओलंपिक लेवल तक के खेल जैसे स्विमिंग, तीरंदाजी, हॉकी, फुटबॉल और हैंडबॉल जैसे खेल बच्चे खेल पाएंगे। आपको बता दें कि इस स्टेडियम में अंतरराष्ट्रीय मानकों के हिसाब से मानकों को तय किया जाएगा। साथ ही कला संस्कृति का भी भरपूर सहयोग रहेगा। बीते दिनों में खेल के उच्च अधिकारियों ने 22 खेलों पर बैठक की और इस बैठक में उन्होंने अपने विचार साझा किए। साथ ही पूरे स्टेडियम का जायजा लिया। बच्चों की सारी सुख सुविधा देखते हुए पदाधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया कि वह हर जरूरत को पूरा करने के लिए जिम्मेदार है।

राजगीर में जो अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम तैयार हो रहा है वह पूरी तरह से भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी कि बीसीसीआई के मानकों पर तैयार हो रहा है और 2 साल पहले बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस स्टेडियम का उद्घाटन किया था। जब यह क्रिकेट स्टेडियम बनकर तैयार हो जाएगा तो आईपीएल जैसे क्रिकेट का आयोजन बिहार में होना संभव हो जाएगा और बिहार भी उन राज्यों में शामिल हो सकेगा। जिनमें आज के समय में आईपीएल मैच देखने लोग दूर-दूर से जाते हैं।

यह क्रिकेट स्टेडियम का निर्माण 9 एकड़ में हो रहा है और इसके ऊपर 600 करोड़ से ज्यादा का खर्च आ चुका है। इधर पांच सितारा होटल की व्यवस्था दी जाएगी। साथ ही कन्वेंशन सेंटर भी बनाए जाएंगे जिसमें 5 एकड़ की जमीन की खपत होगी। यह स्टेडियम बनने के बाद बिहार के बच्चे अब बिहार में रहकर अभ्यास करेंगे और उनको दूसरे राज्य नहीं जाना होगा। बिहार के बच्चों की सेहत ही नहीं बल्कि कैरियर भी स्थापित हो सकेगा। राजगीर एक पौराणिक धार्मिक और ऐतिहासिक जगह है। यहां पर पांडवों के पिता पांडू से लेकर वृद्ध कूट पर्वत पर भगवान बुद्ध की ऊंची प्रतिमा बनी हुई है। इस धरती पर महावीर गुरु नानक देव आकर रह चुके हैं ऐसे में कला और संस्कृति का बेहद ही खास ख्याल रखा गया है।