बाढ़ प्रभावित प्रखंड शामहो पहुंचकर जमकर बरसे राजद जिलाध्यक्ष , कहा – यह राहत शिविर नहीं लूट शिविर बनकर रह गया

RJD BEGUSARAI

न्यूज डेस्क : बेगूसराय जिले में राष्ट्रीय जनता दल के कार्यकर्ताओं ने बाढ़ ग्रस्त क्षेत्र के लोगों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को जाना । बाढ़ ग्रसित प्रखंड शामहो के अकहा कुरहा सभी टोला मोहल्ला भ्रमण किया। राजद जिलाध्यक्ष मोहित यादव ने कहा कि बाढ़ पीड़ित परिवारों के दुख दर्द से अवगत हुआ जिले में लाखों लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। राहत और बचाव करने में डबल इंजन की सरकार और समर्थ बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के हवा हवाई सर्वेक्षण का नतीजा भी हवा हवाई है। पार्टी के साथियों के द्वारा जिले के सभी प्रखंड में जाकर दुख दर्द सम्मिलित होने से सरकार के द्वारा चलाए जा रहे राहत शिविर से यह स्पष्ट हो गया है यह राहत शिविर नहीं यह लूट शिविर बनकर रह गया है।

उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि बाढ़ के नाम पर मुख्यमंत्री के इशारे पर जिले के जिला पदाधिकारी, अनुमंडल पदाधिकारी , प्रखंड विकास पदाधिकारी , अंचलाधिकारी के द्वारा क्षेत्रीय माफियाओं से मिलकर आम जनता के नाम पर लूट रहे हैं। आम जन तो आम जन पशुओं के चारे के नाम पर करोड़ों रुपैया लूट लिया गया है। उन्होंने आगे और भी बेहद गम्भीर आरोप लगाते हुए कहा कि अभी तक जिले में किसी प्रखंड में भी पशु पालकों को 1 किलो की पशु चारा नहीं मिला है। शाम को प्रखंड में चलाए जा रहे राहत शिविरों का स्थिति यह शिविरों में बन रहे भोजन के नाम पर चावल और नमक खिलाया जा रहा है। दाल और सब्जी को भारी रूप में कालाबाजारी किया जा रहा है। राष्ट्रीय जनता दल के साथियों के द्वारा जन सहयोग के माध्यम से बाढ़ पीड़ितों के बीच जाकर यथासंभव भोजन का सामग्री वितरण किया जा रहा है । बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सहयोग करने वाले जिले के साथियों बधाई के पात्र हैं।

प्रेस माध्यम से जिला राष्ट्रीय जनता दल के द्वारा जिला पदाधिकारी से मांग किया जाता है सरकारी मापदंड के हिसाब से बाढ़ प्रभावित लोगों को सभी सामग्री मुहैया कराया जाए । नहीं तो आम जनता के लिए राष्ट्रीय जनता दल के द्वारा जनता के हितों के लिए आंदोलन किया जाएगा । बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में भ्रमण करने वाले में भोजन की सामग्री वितरण करने वाले में जिला सचिव बाल्मीकि यादव, प्रखंड अध्यक्ष राम लखन यादव प्रखंड कार्यकारणी अध्यक्ष शाम्हो जितेंद्र पासवान सहित आदि नेता मौजूद रहे ।

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